प्रकल्पग्रस्त वैभव म्हात्रे ने रामपर्व के विमोचन को लेकर मुख्यमंत्री फड़णवीस की की आलोचना

पूर्व सांसद रामसेठ ठाकुर के जन्मदिवस पर मुख्यमंत्री देवेन्द्र फड़णवीस की तरफ से,रामसेठ ठाकुर के जीवन पर आधारित एक पुस्तक रामपर्व का विमोचन किया गया। इस अवसर पर महाराष्ट्र के कई दिग्गज नेता उपस्थित रहे। लेकिन अब यही विमोचन कार्यक्रम अब एक बड़े विवाद की वजह बन गया है।दरअसल रामपर्व पुस्तक के कवर पेज पर न्हावा खाड़ी में,सीआरजेड की जगह पर अवैध रूप से 13 एकड़ में बनाये गये रामबाग की तस्वीर छपी थी। इस अवैध रामबाग को तोड़ने के लिए कुछ महीने पहले सिडको की टीम न्हावा खाड़ी पहुंची थी,मगर रामसेठ ठाकुर ने अपने राजनीतिक प्रभाव का इस्तेमाल कर इस तोड़क कार्रवाई को रोक दिया था।इस अवैध रामबाग के खिलाफ न्हावा खाड़ी गांव के ही एक रहिवासी वैभव म्हात्रे ने, मुम्बई उच्च न्यायालय में याचिका दाखिल कर रखी है और मुम्बई उच्च न्यायालय ने इस संदर्भ में सिडको से जवाब भी मांगा है। वैभव म्हात्रे का आरोप है कि जब एक मुख्यमंत्री स्वयं, सीआरजेड में 13 एकड़ जमीन पर अवैध रूप से बनाये गये बाग के कवर पेज वाली फोटो के पुस्तक का विमोचन,उसी व्यक्ति के जन्मदिन पर करता हो जो इस अवैध निर्माण का दोषी है तो फिर न्याय या कार्रवाई की उम्मीद कैसे की जा सकती है। वैभव म्हात्रे ने सोशल मीडिया पर एक विडियो अपलोड कर महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेन्द्र फड़णवीस की कड़ी आलोचना की है।



