सोनम डोंगरे की मौत के खिलाफ राष्ट्रवादी शरद पवार गुट आक्रमक

नवी मुम्बई के ऐरोली में स्थित महानगरपालिका के राजमाता जीजाउ अस्पताल में,दो गर्भवती महिलाओं को समय से पहले प्रसव पीड़ा शुरू होने के कारण, उनपर शल्य चिकित्सा करने से पहले एक जरूरी इंजेक्शन दिया गया था,जिसके बाद अचानक ही इन दोनों महिलाओं की तबियत काफी बिगड़ गई और उन्हे आगे के इलाज के लिए,वाशी स्थित पालिका के ही सुपर स्पेशिलिटी अस्पताल में भेजा गया,जहां सोनम डोंगरे नामक गर्भवती महिला ने अपने पेट में पल रहे बच्चे के साथ दम तोड़ दिया,जबकि रिचा मिश्रा नामक एक अन्य गर्भवती महिला को बेहद गंभीर स्थिती में फोर्टिज अस्पताल में दाखिल किया गया है।अनुमान है कि यह इंजेक्शन नकली था और इसलिए पालिका प्रशासन ने इस इंजेक्शन के सभी डोज पर आगे की जांच होने तक प्रतिबंध लगा दिया है। पालिका आयुक्त कैलाश शिन्दे ने इस मामले को बेहद गंभीरता से लेते हुए,तत्काल प्रभाव से जिला शल्य चिकित्सक की निगरानी में एक विशेष आरोग्य जांच समिती की स्थापना कर दी है और इस समिती को जल्द से जल्द जांच रिपोर्ट पेश करने को निर्देशित किया गया है।मगर इस दुर्घटना से नवी मुंबई के आम नागरिकों में बेहद आक्रोश है और इस आक्रोश का एक रूपान्तर महापालिका मुख्यालय में भी देखा गया,जहां राष्ट्रवादी शरद पवार गुट के कई स्थानीय नेताओं और कार्यकर्ताओं ने पालिका आयुक्त के केबिन में घूसकर,जमकर नारेबाजी की और हंगामा पैदा किया। इस दौरान पुलिस प्रशासन के साथ भी उनकी तिखी नोंकझोंक हुई।



